नई दिल्ली: विपक्षी इंडिया गठबंधन बल को CJI जस्टिस सूर्यकांत ने अपॉइंटमेंट देने से इनकार किया। SIR प्रक्रिया में गड़बड़ियां और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने जैसे मुद्दों पर ज्ञापन सौंपने के लिए लोकसभा व राज्यसभा विपक्ष के नेता राहुल गांधी व मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा की गई निजी मुलाकात की अपील को उन्होंने ठुकरा दिया। इंडिया गठबंधन नेताओं को ई-मेल के जरिए CJI ने यह बात बताई।
CJI ने राय व्यक्त किया है कि विपक्ष जो सवाल उठाना चाहता है- वोटर लिस्ट संशोधन में गड़बड़ियां और CEC के एकतरफा रवैये के आरोपों से जुड़े मामले पहले ही सुप्रीम कोर्ट में न्यायिक विचाराधीन होने के कारण ऐसे समय में यह बैठक अनावश्यक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि संविधान प्रावधानों के अनुसार कार्यपालिका के प्रशासनिक मामलों में सुप्रीम कोर्ट दखल नहीं दे सकता। CJI ने सुझाव दिया कि विपक्ष के नेता अपनी मांगें या मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए CJI को ज्ञापन देने के बजाय आधिकारिक तौर पर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर सकते हैं। सुप्रीम कोर्ट के दरवाजे हर नागरिक के अधिकारों की रक्षा के लिए हमेशा खुले हैं।

इसी क्रम में इंडिया गठबंधन ने स्पष्ट किया कि निजी मुलाकात के लिए CJI ने इनकार किया, फिर भी सुप्रीम कोर्ट मार्च जारी रहेगा। लोकसभा में विपक्ष नेता राहुल गांधी ने ऐलान किया देश में लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए अक्टूबर 12 को सुप्रीम कोर्ट की ओर भारी शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन करने वाले हैं। इसमें भारी संख्या में शामिल होना चाहिए। उन्होंने रविवार को ‘एक्स’ पर छात्रों, सिविल सोसाइटी संस्थाओं, विपक्षी पार्टियों को बुलावा दिया।
Also Read-
राहुल गांधी ने कहा, “अक्टूबर 12 को पूरा भारत शांतिपूर्ण तरीके से, एकजुट होकर सुप्रीम कोर्ट की ओर कदम बढ़ाने वाला है। हमारे लोकतंत्र को बचाने के लिए छात्र, सिविल सोसाइटी संस्थाएं और विपक्षी पार्टियां बड़ी संख्या में आकर हमारे साथ हाथ मिलाएं”। ऐलान किया कि चुनाव प्रक्रिया में गड़बड़ियां और वोटर लिस्ट संशोधन पर गंभीर आपत्ति जताते हुए यह बड़ा विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। बताया गया है कि यह मार्च दोपहर 1:30 बजे देश की राजधानी में कनॉट प्लेस से शुरू होकर, बाराखंबा रोड होते हुए सुप्रीम कोर्ट तक चलेगा। कहा गया है कि ‘चलो दिल्ली’ और ‘मार्च फॉर डेमोक्रेसी’ नाम से किए जाने वाले इस आंदोलन में राजनीति से ऊपर उठकर लोकतंत्र पर भरोसा रखने वाले सभी नागरिक आएं।
केंद्र सरकार पर राहुल गांधी जमकर बरसे। आरोप लगाया दिल्ली में हाल ही में युवा शांतिपूर्ण तरीके से विरोध जता रहे थे तो उन पर हमला हुआ। “यह वह भारत नहीं है जो हम चाहते हैं। यह मार्च किसी एक पार्टी, जाति या वर्ग तक सीमित नहीं है। लोकतंत्र पर भरोसा रखने वाले हर भारतीय के लिए है”। किसी को डरने की जरूरत नहीं है, देश के लिए मिलकर आगे आना चाहिए। राहुल गांधी ने बताया कि इस प्रदर्शन के बाद भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) को ज्ञापन सौंपने वाले हैं। वोटों की चोरी तुरंत रुकनी चाहिए, ‘SIR’ प्रक्रिया को रद्द किया जाना चाहिए और EVM के इस्तेमाल को रोकने के साथ CEC ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें, यही हमारी मांगें हैं।

One thought on “इंडिया गठबंधन को बड़ा झटका, निजी मुलाकात के लिए CJI का नो अपॉइंटमेंट, बोले- “ज्ञापन देने के बजाय दाखिल कर सकते हैं याचिका” राहुल ने कहा- “हम करेंगे मार्च””