बुराई पर अच्छाई की जीत – अधर्म पर धर्म की जीत : इस श्लोक के साथ दें रिश्तेदारों और दोस्तों को दशहरा की बहुत-बहुत शुभकामनाएं!

हैदराबाद : बुराई पर अच्छाई की जीत, अधर्म पर धर्म की जीत का प्रतीक है विजयादशमी त्योहार। इस पर्व के दिन जगज्जननी श्री दुर्गा देवी नवदुर्गा के रूपों में हम सभी को आशीर्वाद देने के लिए तैयार रहती हैं। देवी की दिव्य कृपा हो तो जीवन में हर प्रकार की बाधा दूर होकर हर काम में सफलता मिलती है। हमारी सनातन परंपरा में देवी-देवताओं की स्तुति वाले श्लोकों में अपार मंत्र शक्ति और आंतरिक शांति देने की क्षमता है।

इसीलिए इस विजयादशमी के शुभ अवसर पर सिर्फ सामान्य शुभकामनाओं के अलावा देवी के श्लोक, उनके अर्थ के साथ संदेश भेजना बहुत विशेष है। ये पवित्र श्लोक आपके घर में सभी शुभ, ऐश्वर्य और स्वास्थ्य भर दें, इसी आशा के साथ आपके परिवार, बंधु-मित्रों को श्री देवी की दिव्य कृपा पहुंचाने की इच्छा से दशहरा शुभकामनाएं देते हैं।

दशहरा शुभकामनाएं 2026

या देवी सर्वभूतेषु शक्तिरूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥

समस्त जीवों में शक्ति बनकर रहने वाली उस जगन्माता को मेरा मनपूर्वक प्रणाम। उस दुर्गा देवी की दिव्य शक्ति आपमें हिम्मत, आत्मविश्वास भरकर आपके सभी प्रयासों को जीत की ओर ले जाए, इसी आशा के साथ आपको, आपके परिवार को विजयादशमी की शुभकामनाएं।

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विजयादशमी शुभकामनाएं 2026

सर्वमंगल मांगल्ये शिवे सर्वार्थ साधिके।
शरण्ये त्र्यंबके गौरी नारायणि नमोस्तुते॥

सभी मंगलों को देने वाली, शुभ करने वाली, इच्छाओं को पूरा करने वाली, शरण में आए लोगों की रक्षा करने वाली, त्रिनेत्रधारी की पत्नी हे गौरी देवी.. नारायणी तुम्हें प्रणाम। उस देवी की अमृत दृष्टि से आपके घर में हमेशा मंगलमय माहौल, सुख-शांति बनी रहे, ऐसी कामना के साथ आपको दशहरा 2026 की शुभकामनाएं।

दशहरा नवरात्रि शुभकामनाएं 2026

शान्ताकारं भुजगशयनं पद्मनाभं सुरेशं।
विश्वाधारं गगनसदृशं मेघवर्णं शुभाङ्गम्॥

शांत स्वरूप, शेषनाग पर सोने वाले, नाभि में कमल वाले, देवताओं के स्वामी, विश्व के आधार वे श्री महाविष्णु। इस विजयादशमी के शुभ अवसर पर उस परमात्मा, दुर्गा माता के आशीर्वाद से आपका जीवन शांत, सुख-शांति से चलता रहे, ऐसी कामना के साथ दशहरा शुभकामनाएं।

दशहरा त्योहार शुभकामनाएं 2026

या कुन्देन्दु तुषारहार धवला या शुभ्र वस्त्रावृता।
या वीणावरदण्ड मण्डितकरा या श्वेत पद्मासना॥

मल्लिका फूल, चंद्रमा, बर्फ के हार जैसी शुद्ध सफेद कांति वाली, सफेद वस्त्र धारण करने वाली, वीणा धारण कर सफेद कमल पर बैठी उस सरस्वती देवी को नमस्कार। विजयादशमी के शुभ दिन पर वह ज्ञान देने वाली श्री सरस्वती देवी आपको, आपके बच्चों को अच्छी विद्या, सद्बुद्धि दे, इसी इच्छा के साथ विजयादशमी की शुभकामनाएं।

दशहरा 2026 शुभकामनाएं

लक्ष्मीं क्षीरसमुद्र राज तनयां श्रीरंग धामेश्वरीम्।
दासीभूत समस्त देव वनितां लोकैक दीपांकुराम्॥

क्षीरसागर राज की पुत्री, श्रीरंगनाथ की पत्नी, देवियों द्वारा पूजी जाने वाली दुनिया को रोशनी देने वाली हे लक्ष्मी देवी तुम्हें नमस्कार। श्री महालक्ष्मी देवी की कृपा से आपका घर अष्ट-ऐश्वर्य, धन-धान्य से हमेशा भरा रहे, इसी कामना के साथ आपको दशहरा शुभकामनाएं।

विजयादशमी 2026 शुभकामनाएं

रूपं देहि जयं देहि यशो देहि द्विषो जहि।

हे जगन्माता! मुझे अच्छे गुण, जीत, कीर्ति दो। मेरे अंदर की बुराइयों को नष्ट करो। यह विजयादशमी आपके जीवन में नई रोशनी भरकर, हाथ में लिए हर काम में जीत, समाज में अच्छी कीर्ति-प्रतिष्ठा लाए, इसी आशा के साथ विजयादशमी की शुभकामनाएं।

दशहरा शुभकामनाएं 2026

नमस्तेस्तु महामाये श्रीपीठे सुरपूजिते।
शंखचक्र गदाहस्ते महालक्ष्मि नमोस्तुते॥

देवताओं द्वारा पूजी जाने वाली, श्रीपीठ में वास करने वाली, हाथ में शंख, चक्र, गदा धारण करने वाली हे महाकाली- महालक्ष्मी स्वरूपिणी तुम्हें प्रणाम। बुराई पर पाई गई अच्छाई की जीत के प्रतीक इस दशहरा त्योहार से आपके घर में सभी शुभ, स्वास्थ्य-ऐश्वर्य भर जाएं, इसी कामना के साथ आपको, आपके परिवार को दशहरा शुभकामनाएं।

टिप्पणी : इस लेख में जानकारी सिर्फ जानकारी के लिए है। इसे कितना मानना है या पालन करना है यह पूरी तरह आपका व्यक्तिगत विषय है। तेलंगाना समाचार इसकी पुष्टि नहीं करता है।

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