सिकंदराबाद रेलवे स्टेशन आगजनी और तोड़फोड़ मामले के कुछ और वीडियो आये सामने, उठ रहा है षड्यंत्र का पर्दा

हैदराबाद: सिकंदराबाद रेलवे स्टेशन आगजनी और तोड़फोड़ मामले में एक के बाद एक अहम मुद्दे सामने आ रहे हैं। हाल ही में इस मामले से जुड़े कुछ और वीडियो सामने आये हैं। पुलिस ने वीडियो फुटेज के आधार पर स्पष्ट किया कि ए12 आरोपी आदिलाबाद जिला निवासी पृथ्वीराज ने रेलवे संपत्ति को नुकसान पहुंचाया और बोगियों को आग लगाई है।

वीडियो में इस बात का स्पष्ट खुलासा हुआ है कि पृथ्वीराज पैसेंजर बोगी में गया और आग लगाई। आगजनी और तोड़फोड़ के वीडियों को भी उसी ने Whatsapp Groups में शेयर किया। इसके चलते Taskforce Police पृथ्वीराज को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। सिकंदराबाद रेलवे स्टेशन में आगजनी और तोड़फोड़ मामले के सिलसिले में 10 व्हाट्सएप ग्रुप एडमिन को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। 8 व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए एडमिनों ने सेना के उम्मीदवारों को उकसाया/भड़काया है।

पता चला है कि सेना के उम्मीदवारों ने रेलवे स्टेशन ब्लॉक, इंडियन आर्मी हकीमपेट आर्मी सोल्जर्स, चलो सिकंदराबाद एआरओ3, आर्मी जीडी2021 मार्च रैली, सीईई सोल्जर ग्रुप बनाए हैं। पुलिस पहले ही निष्कर्ष निकाल चुकी है कि व्हाट्सएप ग्रुपों के जरिए रेलवे स्टेशनों पर तोड़फोड़ की योजना बनाई गई थी। सिकंदराबाद रेलवे स्टेशन में आगजनी और तोड़फोड़ मामले की जांच तेजी से जारी है।

इसी क्रम में टास्क फोर्स पुलिस ने साई रक्षा एकाडेमी के निदेशक सुब्बाराव को हिरासत में ले लिया है। सिकंदराबाद रेलवे स्टेशन के आगजनी और तोड़फोड़ के पीछे साई रक्षा अकादमी के निदेशक आवुला सुब्बाराव की पहचान मास्टरमाइंड के रूप में की गई है। इसकी जानकारी मिलते ही पुलिस ने नरसारावपेट में सुब्बाराव को हिरासत में लिया। पूछताछ के लिए उसे रेलवे पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने आगजनी और तोड़फोड़ के पीछे सुब्बाराव का हाथ होने के पक्के सबूत जुटाये हैं।

पुलिस के अनुसार, सुब्बाराव ने सिकंदराबाद रेलवे स्टेशन में आगजनी और तोड़फोड़ की योजना बनाई। इसके लिए उसने सेना के उम्मीदवारों के लिए खाने और रहने की व्यवस्था भी उसी ने की। लगभग 800 उम्मीदवारों के लिए खानपान का इंतजाम किया। इस बात के सबूत मिले हैं कि व्हाट्सएप ग्रुपों के जरिए सेना के उम्मीदवारों को उकसाया गया है। व्हाट्सएप ग्रुप एडमिनों के साथ आरोपियों द्वारा बातचीत किये जाने के ऑडियो भी मिले हैं।

पता चला है कि सुब्बाराव पांच दिनों तक आंध्र प्रदेश पुलिस हिरासत में था। सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने सुब्बाराव के खिलाफ मामले दर्ज नहीं करने प्रयास किये हैं। इसकी जानकारी मिलते ही तेलंगाना पुलिस ने सुब्बाराव को गिरफ्तार कर हैदराबाद शिफ्ट कर दिया है। आगे की कार्रवाई की जा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Recent Posts

Recent Comments

Archives

Categories

Meta

'तेलंगाना समाचार' में आपके विज्ञापन के लिए संपर्क करें

X