हैदराबाद : जुबली हिल्स एमनेशिया पब गैंगरेप मामले में जुवेनाइल कोर्ट ने चार आरोपियों को मेजर मानकर फैसला सुनाया है। विधायक के बेटे को मात्र नाबालिग माना गया है। जुवेनाइल सेक्शन 15 के तहत बोर्ड ने चारों को मेजर होने का मूल्यांकन किया है। कोर्ट ने माना कि चारों आरोपियों ने गंभीर अपराध किया है। ट्रायल कोर्ट ने मनोवैज्ञानिक के साथ बोर्ड के सदस्यों की रिपोर्ट की समीक्षा की।
ज्ञातव्य है कि इसी साल 28 मई को एक पार्टी में शामिल होने जुबली हिल्स एमनेशिया पब में आई रोमानियाई नाबालिग लड़की के साथ सउदुद्दीन नाम के युवक के साथ पांच नाबालिगों ने सामूहिक दुष्कर्म किया। रोड नंबर 44 पर खाली जगह पर लड़की के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। इसके बाद शाम को फिर पब के पास छोड़ दिया। घटना के तीन दिन बाद मामला सामने आया। गर्दन पर चोट के निशान देखकर माता-पिता को शक हुआ और थाने में मामला दर्ज किया। 31 मई को जुबली हिल्स थाने में पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।
आरोपियों में नेता और उच्च वर्ग के बेटे हैं। इस मामले में आरोपियों को जुवेनाइल कोर्ट ने जमानत दे दी है। पुलिस ने जांच के दौरान कहा कि अगर मामले में आरोपी नाबालिगों को मेजर माना जाता है तो उन्हें भी सजा हो सकती है। यद्यपि आपराधिक आरोपों का सामना कर रहे चारों नाबालिग हैं। अपराध उस स्तर का नहीं है। इसलिए उन्हें नाबालिग माना जाएगा और उन्हें दंडित किया जाएगा। इसी क्रम में कोर्ट ने चारों आरोपियों को मेजर माना है।
