अमरावती : टीडीपी के प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू के विधानसभा से चले जाने और प्रेस मीट में उनके रोने पर मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने कटाक्ष किया है। जगन ने कहा कि जब चंद्रबाबू विधानसभा में बोल रहे थे, उस समय मैं सदन में मौजूद नहीं था। मैं राज्य में हो रही बारिश को लेकर जिलाधीशों के साथ समीक्षा कर रहा था। सदन में आने के बाद मुझे घटनाक्रम की जानकारी दी गई। मुझे बताया गया कि चंद्रबाबू भावुक होकर बात कर रहे हैं। सदन में असंबंधित विषयों को ले आकर उकसाया गया।
इससे स्पष्ट होता है कि चंद्रबाबू हताशा में हैं। सीएम जगन ने कहा, “कुप्पम के लोगों ने भी चंद्रबाबू को ठुकरा दिया है। विधान परिषद में भी टीडीपी का बल कम हो गया है। विधान परिषद के अध्यक्ष एक दलित व्यक्ति हो गया है। मेरे भाई मोशेन राजू ने आज परिषद के अध्यक्ष के रूप में कार्यभार संभाल रहे हैं। इसलिए चंद्रबाबू ने नाटक शुरू कर दिया हैं।”
आंखों में आंसू नहीं है
सीएम जगन ने आगे कहा कि चंद्रबाबू को राजनीतिक एजेंडा महत्वपूर्ण है। विधानसभा में चंद्रबाबू के परिवार के सदस्यों का जिक्र तक नहीं आया है। चंद्रबाबू ने ही हमारी मां, छोटी बहन, बीवी और चाचा के खिलाफ टिप्पणी की हैं। मेरे पास चंद्रबाबू जैसा मीडिया सिस्टम नहीं हैं। वो सोच रहे है कि गलत खबर को बार-बार बताने से सब सच साबित हो जाएगा। चंद्रबाबू ने आज ड्रामा किया। उनकी आंखों में आंसू नहीं थे। फिर भी आंसू आये जैसा ड्रामा किया है।
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विधान परिषद के अध्यक्ष दलित को देखकर चंद्रबाबू हताश है
विधान परिषद के अध्यक्ष के रूप में वाईएसआरसीपी से एक दलित व्यक्ति आ रहा है। यह सब देखकर चंद्रबाबू हताश हो गये हैं। वह क्या बोल रहे है? क्या कर रहे है? उनको ही समझ में नहीं आ रहे हैं। सीएम ने आरोप लगाया कि चंद्रबाबू अप्रासंगिक विषय को सदन में लेकर आते हैं। सदन में माहौल को भड़काते हैं। स्वाभाविक रूप से कोई भी इसका जवाब देते हैं। सत्ताधारी दल की ओर से समझाते हैं।
टीडीटी के आरोपों का जवाब
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि चंद्रबाबू के मुताबिक सत्ताधारी दल की ओर से ऐसा कोई बयान नहीं दिया गया है। टीडीटी के आरोपों का जवाब के रूप में सत्तारूढ़ दल के सदस्यों ने टीडीपी शासन के दौरान वंगवीटि मोहन रंगा की हत्या, माधव रेड्डी हत्या और मल्लेला बाबाजी के सुसाइड नोट पर भी चर्चा करने की मांग की है। चंद्रबाबू उकसा रहे हैं। इसलिए हमारे सदस्यों ने उसका जवाब दिया है।
भगवान का आशीर्वाद और लोगों की दुआएं
वाईएस जगन ने कहा कि सदन के रिकॉर्ड देखने इसका खुलासा हो जाएगा। जाते-जाते चंद्रबाबू ने अभिशाप दिया है। यह सब हमने अपनी आंखों के सामने देखा है। यह सब कुछ भगवान देखत रहा है। विपक्ष चाहे कितनी भी साजिश रचे कोई कुछ नहीं कर सकता है। जब तक भगवान का आशीर्वाद और लोगों की दुआएं रहेगी हमें कोई रोक नहीं सकता।

