हैदराबाद (श्रृतिकांत भारत और सुधा ठाकुर की रिपोर्ट) : 14 सितंबर के उपलक्ष्य में हिंदी प्रचार सभा हैदराबाद के प्रधान मंत्री एस. गैबुवली के नेतृत्व में धूमधाम से हिंदी दिवस सभा के प्रांगण में आयोजित किया गया। दीप प्रज्ज्वल कर कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ।
सभा के अध्यक्ष प्रो. चंद्रदेव ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। मुख्य अतिथि के रूप में डीन एवं निदेशक प्रोफेसर, कर्मचारी राज्य बीमा निगम मेडिकल कॉलेज, सनतनगर, हैदराबाद के डॉ. शिरीषकुमार जी. चव्हाण, विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रमुख वकील, सभा के कानूनी सलाहकार जे. वेंकटराम नरसिंहा रेड्डी, केरल की सुप्रसिद्ध लेखिका, कवयित्री डॉ. अनामिका अनु, विशाल ग्रुप ऑफ कंपनीज की निर्देशक श्रीमती ललिता देवी हिसारिया, हिंदी प्रचार सभा हैदराबाद के परीक्षा मंत्री प्रो. सुरेश पुरी, साहित्य मंत्री आर. बिच्चय्या, कोषाध्यक्ष एस. गिरिधर राव, विशेष अधिकारी श्रुतिकांत भारती, रजिस्ट्रार डॉ. शंकर सिंह ठाकुर, विवरण पत्रिका की सहयोगी संपादिका डॉ. सुषमा देवी, तेलंगाना हिंदी प्रचार सभा हैदराबाद के अध्यक्ष के. रामचंदर उपस्थित हुए।
सभा के प्रधान मंत्री एस. गैबुवली ने अतिथियों का स्वागत किया उसके पश्चात सभा का संक्षिप्त परिचय देते हुए कहा कि सभा की स्थापना 1935 में स्वतंत्रता पूर्व हुई। तब से अब तक सभा ने लोखों को छात्रों को हिंदी सिखाई तथा हजारों छात्र हिंदी शिक्षक एवं प्राध्यापक होकर सरकारी एवं सरकारी मान्यता प्राप्त विद्यालयों एवं कॉलेजों में रोजगार प्राप्त कर रहे हैं। इस अवसर पर डॉ. अनामिका अनु की पुस्तक ‘येनपक कथा और अन्य कहानियाँ’ का लोकार्पण किया गया। साथ ही हिंदी सेवासदन महाविद्यालय की कक्षा 6वीं से कक्षा 12वीं तक कक्षानुसार तेलंगाना राज्य में प्रतियोगिता परीक्षा की विवरणिका का लोकार्पण किया गया।
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इस अवसर पर अतिथियों ने अपने वक्तव्य में कहा कि छात्रों को अपनी मातृभाषा तथा हिंदी में पढ़ना आसान होता है। जब हिंदी प्रचार सभा हैदराबाद 90 वर्षों से हिंदी का प्रचार-प्रसार कर रही है तो डॉक्टरी, इंजीनियरिंग की पढ़ाई भी मातृभाषा या हिंदी में करें तो छात्रों को समझने में आसानी होगी। इस अवसर पर विशाल ग्रुप ऑफ कंपनीज की ओर से निशा हिसारिया ने कहा कि हिंदी की सेवा में हम तत्पर हैं। इस अवसर पर सभा द्वारा आयोजित प्रतियोगिता परीक्षाओं में भाग लिए छात्रों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। सभा के अध्यक्ष अपने अध्यक्षीय भाषण में सभी का अभिवादन, अभिनंदन कर सभा में अपना अमुल्य समय देने के लिए धन्यवाद दिया।
इस कार्यक्रम में प्रमुख हिंदी प्रोफेसर, प्राध्यापक, प्रधानाध्यापक, अध्यापक, केंद्र व्यवस्थापक, वर्ग संचालक, हिंदी प्रेमी एवं समाज सेवी ए. सूर्य प्रकाश सिंह, श्याम सुन्दर, विकास हिसारिया, गंगाधर, डॉ. राधा गोवडा, डॉ. वेंकट गोवडा, नंदिता रेड्डी, प्रो. करणसिंह ‘उटवाल’, डॉ. प्रियदर्शिनी, प्रो. अनुपमा, डॉ. राजेन्द्र कुमार, डॉ. कामेश्वरी, डॉ. राकेश शर्मा, चोंगा शिवानन्द, प्रतिभा मेर, सुनंदा कुलकर्णी, बी. जगदीश, आर. श्रीनिवासुलु, डी. श्रीदेवी, बुगानपल्ली कोमला, एस. मुनिराज, इंतियाज, सी. महादेव राव, के. सरिता, डी. नरेश, रश्मि भवानी, मुफिल-उल-बालिका विद्यालय की प्रधानाध्यापिका माधुरी टोंगे, अध्यापिका श्रद्धा, मुफिल-उल-अनाम प्राईमरी स्कूल की प्रधानाध्यापिक अलका एवं सभा के कार्यकर्ता, हिंदी प्रेमी, हिंदी सेवी और अन्य उपस्थित थे।
