‘वोलिकलबीडु’ : डॉ टी सी वसंता जी की हिंदी अनुवाद पुस्तक ‘खोक’ पर साहित्यकार देवा प्रसाद मायला जी का प्राक्कथन

तेलुगु में श्मशान को ‘वोलिकलबीडु’ कहते हैं, जिसकी देखरेख विशेष मसानियाँ या डोम लोग करते हैं। ये डोम जीवन की सच्चाई के इतने क़रीब जीते-से लगते हैं कि साधारण मनुष्यों … Continue reading ‘वोलिकलबीडु’ : डॉ टी सी वसंता जी की हिंदी अनुवाद पुस्तक ‘खोक’ पर साहित्यकार देवा प्रसाद मायला जी का प्राक्कथन